चंदन – Chandan Ke Fayade Or Nuksan

तो दोस्तों इस आर्टिकल के माध्यम से आज हम बात करने वाले हे चंदन के बारे में जिनको हिन्दू धर्म में प्रवित्र माना जाता हे। चंदन एक सुगन्धित लकड़ी हे जिनकी गुणवत्ता और सुगंध की वजह से उनकी क़ीमती ज्यादा होती हे तो चलो दोस्तों चंदन के बारे में और भी अधिक जानकारी और फायदे हम जान लेते हे। Chandan Ke Fayade

चंदन के मुख्य दो प्रकार हे एक लाल चंदन और दूसरा सफ़ेद

Chandan ke fayade

चंदन के बारे में सामान्य जानकारी

1 . तो दोस्तों सबसे पहले हम बात करने वाले हे की भारतीय चंदन ( Indian Sandalwood ) का वैज्ञानिक नाम Santalum album हे। 

2 . भारतीय चंदन का आर्थिक महत्त्व के साथ – साथ उनका दुनिया में सबसे महत्त्व स्थान भी दिया जाता हे। 

3 . चंदन एक सुगन्धित पेड़ हे जिनकी ऊंचाई के बारे में हम बात करे तो चंदन की ऊंचाई करीबन 18 से 20 मीटर तक होती हे। 

4 . एक चंदन पेड़ को पूर्ण परिपक़्क्त में करिब 10 साल के आसपास का समय लगता हे। 

5 . चंदन पेड़ की लकड़ी का इस्तमाल मूर्तिकला , अगरबत्ती , हवन सामग्री और पूजा अर्चना और सौगंधिक तेल के निर्माण में होता हे। 

6 . सैंडल स्पाईक ( Sandle spike ) नामक संक्रामण वानस्पतिक रोग चंदन पेड़ का शत्रु हे जिसकी वजह से पत्तिया छोटी हो जाती हे और पेड़ विकृत हो जाता हे। 

7 . चंदन को बीजो के द्रारा रोप कर भी उगाया जाता हे। 

8 . इस पेड़ की छाल भूरे या भूरे काले रंग की होती हे जबकि पेड़ की शाखाएं झुकी हुई होती हे।

9 . चंदन के पत्ते अण्डाकार और मुलायम होते हे और उनके आगे का भाग नुकीला होता हे। 

10 . चंदन एक परोपजीवी पेड़ हे। 

11 . चंदन के फूल भूरे बैगनी होते हे और फूल जून से सितम्बर के बिच आते हे जबकि फल नवम्बर से फरवरी तक होता हे।

12 . उड़ीसा में पैदा होने वाला चंदन सबसे उत्तम चंदन हे।

13 . हिन्दू धर्म में चंदन को प्रवित्र माना जाता हे और आप जानते ही होंगे की चंदन का अधिक उपयोग पूजा अर्चना में और इत्र बनाने में होता हे। 

14 . जैसे जैसे चंदन का पेड़ बढ़ता हे वैसे वैसे ही उनके तने और जड़ो में सुगन्धित का अंश भी बढ़ता हे।

चंदन के फायदे – Chandan Ke Fayade

1 . छींक आने पर चंदन और धनिया की पत्ती को पीसकर उसे सूंघने से छींक आना बंध हो जाता हे। 

2 . चंदन की लकड़ी को घिसकर उसका लेप तैयार करे और फिर उस लेप को अपने चेहरे पर लगाने से चहेरे की चमक बढ़ती हे। 

3 . चंदन को पानी के साथ घिसकर त्वचा पर लगाने से खुजली ठीक होती हे। 

4 . शिवलिंग का अभिषेक में भी चंदन का उपयोग किया जाता हे। 

5 . त्वचा रोग , ह्रदय रोग में चंदन के तेल का इस्तमाल होता हे। 

6 . चंदन का इस्तमाल त्वचा के चकते , दाग धब्बे , मुँहासे और अन्य त्वचा समस्याओ का इलाज में  किया जाता हे। 

चंदन के नुकशान

1 . चंदन के अधिक सेवन करने से पेट के विकार , त्वचा के विकार जैसी समस्या हो सकती हे। 

2 . अगर आपको चंदन से एलर्जी हे तो आप चंदन का सेवन न  करे। 

3 . अगर आपको कोई बीमारी हे तो पहले आप अपने डॉक्टर की सलाह जरूर ले।

ये भी पढ़े। 

आम की जानकारी, तथ्य , फ़ायदे और किस्में

Neem Tree – नीम के चमत्कारिक फायदे

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *